पैरालिंपिक एक ऐसा मंच है जहाँ दुनिया भर के विकलांग खिलाड़ी अपनी ताकत दिखाते हैं। अगर आप भी खेल में रुचि रखते हैं तो यह टैग आपके लिए है। यहाँ आपको हर बड़ी प्रतियोगिता, जीत‑हार और तैयारी की जानकारी मिलेगी।
2024 टोक्यो पैरालिंपिक में भारत ने 19 पदक जीते थे – 5 स्वर्ण, 8 रजत और 6 कांस्य। एथलीटों की मेहनत और कोचिंग सिस्टम ने इस सफलता में बड़ा हाथ रखा। मार्था सैडगन जैसी धावकें, शिल्पा बिश्नोई की तैराकी और अंजलि नायडू का पावरलिफ्टिंग सभी ने नई उम्मीदें जगाईं।
अभी 2025 के पैरालिंपिक क्वालीफाइर्स में कई एथलीट तेज़ रफ्तार से आगे बढ़ रहे हैं। अगर आप जानना चाहते हैं कि कौन‑से इवेंट्स में भारत का दांव है, तो हमारे पोस्ट पढ़ें – हर स्पोर्ट की स्थिति यहाँ अपडेट रहती है।
पैरालिंपिक से जुड़ी ख़बरें अक्सर जल्दी बदलती हैं। सबसे अच्छा तरीका है रॉयल खबरें पर टैग “पैरालिंपिक्स” को फ़ॉलो करना। हर नया लेख आपके मोबाइल या कंप्यूटर पर तुरंत दिखेगा। आप अपने पसंदीदा एथलीट का नाम सर्च करके उनके व्यक्तिगत रिकॉर्ड भी देख सकते हैं।
यदि आप खुद पैरालिंपिक में भाग लेना चाहते हैं, तो राज्य की खेल समिति से संपर्क करें। कई बार प्रशिक्षण कैंप खुले होते हैं जहाँ अनुभवी कोचिंग मिलती है। शुरुआती स्तर के लिए स्थानीय क्लब और स्कूल भी सहयोग देते हैं – बस थोड़ा जोश और नियमित अभ्यास चाहिए।
समझते हैं कि बहुत सारी जानकारी एक साथ पढ़ना मुश्किल हो सकता है, इसलिए हमने मुख्य बिंदु नीचे संक्षेप में रखे हैं:
हर बार जब आप “पैरालिंपिक्स” टैग खोलेंगे, तो नई जानकारी आपके सामने होगी। चाहे वह जीत की खुशी हो या तैयारी का संघर्ष, सब कुछ यहाँ मिल जाएगा। अब देर न करें, पढ़ें और भारत के एथलीटों को समर्थन दें।
पैरालिंपिक सिर्फ खेल नहीं, यह समाज में बदलाव लाता है। एथलीटों की कहानी देख कर कई लोग अपनी सीमाएँ तोड़ते हैं और नए लक्ष्य तय करते हैं। स्कूलों में उनके प्रदर्शन को दिखाना बच्चों को प्रेरित करता है। यही कारण है कि हर जीत के बाद भारत में विकलांग अधिकारों पर चर्चा बढ़ती है।
अगर आप पैरालिंपिक की हर खबर पहली बार पढ़ना चाहते हैं, तो रॉयल खबरें ऐप या वेबसाइट पर नोटिफ़िकेशन चालू रखें। इस तरह आप कभी भी अपडेट मिस नहीं करेंगे और अपने पसंदीदा एथलीट को हमेशा समर्थन दे पाएँगे।
कपिल परमार ने पैरालिंपिक खेलों में इतिहास रचा है। उन्होंने पेरिस 2024 पैरालिंपिक में पुरुष 60 किग्रा (J1) वर्ग में पहला कांस्य पदक जीता। कपिल ने ब्राज़ील के एलिएल्टन डी ओलिवेरा को 10-0 से हराकर ब्रॉन्ज मेडल जीता।