अगर आप भारत की कर संग्रह, बजट या अर्थव्यवस्था में हो रहे बदलाव को समझना चाहते हैं तो इस पेज पर सही जगह पर हैं। यहाँ हम रोज़ आने वाली राजस्व से जुड़ी ख़बरों को आसान भाषा में लाते हैं, ताकि हर कोई पढ़कर तुरंत असर देख सके।
2025 के पहले छह महीनों में सीएसटी (GST) और आयकर दोनों में बढ़ोतरी हुई है। GST संग्रह ने 12.4 लाख करोड़ रुपए पार कर लिया, जबकि आयकर में पिछले साल से 8% की वृद्धि देखी गई। ये आंकड़े सरकार को खर्चों को कवर करने में मदद करते हैं और बजट घाटे को कम रखते हैं।
साथ ही, सीमा शुल्क पर नई नीतियों के कारण एक्सपोर्ट-इम्पोर्ट टैक्स में भी सुधार हुआ है। इससे छोटे व्यापारियों को सीधे फायदा मिला, क्योंकि उनका बोझ हल्का हो गया। अगर आप अपना खुद का कारोबार चला रहे हैं तो इन बदलावों से आपका लागत घट सकता है।
रिपोर्ट पढ़ते समय सबसे पहले कुल संग्रह की राशि देखिए – यह बताता है सरकार ने कितना पैसा जुटाया। फिर, इसे पिछले साल या क्वार्टर के साथ तुलना करके समझें कि वृद्धि या गिरावट का कारण क्या है। अक्सर, नई टैक्स स्लैब या छूट नीति इसका मुख्य कारण बनती हैं।
एक और बात ध्यान में रखें – राजस्व केवल करों से नहीं आता। सरकारी बांड, विदेशी निवेश, और सार्वजनिक‑निजी साझेदारी (PPP) प्रोजेक्ट भी बड़ी भूमिका निभाते हैं। इन सबको जोड़कर ही आपको पूरी तस्वीर मिलती है।
अगर आप व्यक्तिगत वित्तीय योजना बना रहे हैं तो राजस्व में बदलाव को अपने बचत या निवेश रणनीति में शामिल करें। उदाहरण के तौर पर, अगर आयकर की स्लैब बढ़े तो टैक्स‑सेविंग फ़ंड में निवेश बेहतर लाभ दे सकता है। इसी तरह, GST में दर घटने से छोटे व्यवसायों को इन्वेंट्री का प्रबंधन आसान हो जाता है।
समय-समय पर सरकार के बजट घोषणा सत्र की खबरें भी इस टैग में अपडेट होती रहती हैं। बजट में कौन सी नई योजना आएगी या मौजूदा योजना में क्या बदलाव होगा, यह जानने से आप अपने खर्चे और बचत दोनों को सही दिशा दे सकते हैं।
तो जब भी आपको राजस्व से जुड़ी कोई ख़बर मिले – चाहे वो कर संग्रह की वृद्धि हो या नई टैक्स नीति – इसे यहाँ पढ़ें और तुरंत समझें कि इसका आपका दिन‑प्रतिदिन जीवन पर क्या असर पड़ेगा। सरल शब्दों में बताने के लिए हम हमेशा कोशिश करेंगे, ताकि आप बिना किसी जटिलता के आर्थिक फैसले ले सकें।
टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) ने वित्तीय वर्ष 2024 की पहली तिमाही में ₹12,040 करोड़ का शुद्ध लाभ दर्ज किया, जो पिछले साल की तुलना में 8.7% अधिक है। कंपनी ने राजस्व में 5.4% की वृद्धि दर्ज की और नए वित्तीय वर्ष की मजबूत शुरुआत की पहचान की। CEO के. कृतिवसन ने विभिन्न उद्योगों और बाजारों में कंपनी की प्रगति पर जोर दिया।